04:20 AM, 10-Jun-2026
ईरान युद्ध के चलते वैश्विक स्तर पर बढ़ी महंगाई
28 फरवरी से अमेरिका और इस्राइल द्वारा ईरान पर किए जा रहे हमलों ने वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित किया है। इसके चलते ऊर्जा कीमतों में तेजी आई है और खाद्य पदार्थों समेत कई आवश्यक वस्तुएं महंगी हुई हैं। हालांकि अप्रैल में युद्धविराम की घोषणा की गई थी, लेकिन अब तक स्थायी शांति समझौता नहीं हो सका है। इस बीच, इस्राइल ने लेबनान में ईरान समर्थित संगठन हिजबुल्ला के खिलाफ अपने सैन्य अभियान को और तेज कर दिया है, जिससे क्षेत्रीय तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है।
04:19 AM, 10-Jun-2026
टूटने के कगार पर पहुंचा ईरान-अमेरिका युद्धविराम?
यह घटना ऐसे समय हुई है जब दो महीने पुराने संघर्षविराम पर पहले से ही संकट के बादल मंडरा रहे हैं। एक दिन पहले ही ईरान और इस्राइल के बीच संघर्षविराम लागू होने के बाद पहली बार दोनों देशों ने एक-दूसरे पर हमले किए थे। ईरानी सरकारी टेलीविजन के अनुसार, इस्राइली हमलों में ईरान की वायु रक्षा इकाइयों के कम से कम दो सदस्य मारे गए हैं।
04:19 AM, 10-Jun-2026
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप बोले- अमेरिका को इसका जवाब देना होगा
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, उनका अपाचे हेलिकॉप्टर ओमान के तट के निकट उस समय गिर गया, जब वह एक ईरानी ड्रोन से टकरा गया। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं है कि यह टक्कर जानबूझकर कराई गई थी या नहीं। राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा कि सैन्य अधिकारियों ने उन्हें बताया है कि ईरान ने अमेरिकी सेना के एक अपाचे हेलिकॉप्टर को मार गिराया। उन्होंने कहा कि हेलिकॉप्टर में सवार दोनों सैनिक सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई है, लेकिन अमेरिका को इसका जवाब देना होगा।
दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने ट्रंप के आरोपों को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य अमेरिका की सीमाओं से हजारों मील दूर स्थित है। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, ‘हमारे क्षेत्र के निकट मौजूद विदेशी सैन्य बल मानवीय भूल, दुर्घटनाओं या संघर्ष की चपेट में आने के कारण लगातार जोखिम में रहते हैं। जोखिम कम करने का सबसे अच्छा उपाय यही है कि वे यहां से चले जाएं।’
04:11 AM, 10-Jun-2026
Iran US War LIVE: हेलिकॉप्टर को निशाना बनाए जाने पर भड़का अमेरिका, ईरान के खिलाफ शुरू की सैन्य कार्रवाई
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि ईरान की आक्रामकता के जवाब में यह कार्रवाई की गई है। वहीं, ईरानी सरकारी मीडिया ने दावा किया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य स्थित केश्म द्वीप पर विस्फोटों की आवाजें सुनी गई हैं।