इमेज कैप्शन, सर्वप्रिया सांगवान को इससे पहले भी रामनाथ गोयनका अवॉर्ड मिल चुका है
पढ़ने का समय: 3 मिनट
बीबीसी की पत्रकार सर्वप्रिया सांगवान को प्रतिष्ठित रामनाथ गोयनका अवॉर्ड मिला है. दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम में उन्हें इस पुरस्कार से सम्मानित किया गया.
सर्वप्रिया को यह अवॉर्ड हिन्दी (ब्राडकास्ट) कैटेगरी में उनकी हिन्दी सिरीज़ ‘द लास्ट मैन’ के लिए मिला है.
उन्हें इस सिरीज़ के लिए ‘दानिश सिद्दीक़ी जर्नलिज़्म अवॉर्ड’ भी मिल चुका है.
इमेज कैप्शन, सर्वप्रिया सांगवान को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने यह अवॉर्ड दिया
इससे पहले भी सर्वप्रिया को रामनाथ गोयनका अवॉर्ड मिल चुका है.
उन्हें इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ़ मास कम्युनिकेशन एलुमनी एसोसिएशन की ओर से भी 2025 का ‘जर्नलिस्ट ऑफ़ द ईयर’ अवॉर्ड दिया गया था.
2025 का ‘दानिश सिद्दीक़ी जर्नलिज़्म अवॉर्ड’ भी मिला
इमेज कैप्शन, सर्वप्रिया सांगवान को ‘द लास्ट मैन’ सिरीज़ के लिए 2025 का ‘दानिश सिद्दीक़ी जर्नलिज़्म अवॉर्ड’ भी मिला
सर्वप्रिया सांगवान को ‘द लास्ट मैन’ सिरीज़ के लिए 2025 का ‘दानिश सिद्दीक़ी जर्नलिज़्म अवॉर्ड’ दिया गया था.
उन्हें यह अवॉर्ड ब्रॉडकास्ट/डिजिटल श्रेणी में दिया गया था.
‘दानिश सिद्दीक़ी जर्नलिज़्म अवॉर्ड 2025’ की प्रेस रिलीज़ में कहा गया था कि सर्वप्रिया ने इस सिरीज़ में गहराई से ज़मीनी रिपोर्टिंग के ज़रिए भारत के सबसे हाशिए पर खड़े समुदायों की ज़िंदगी और उनके सामाजिक-राजनीतिक संघर्षों को दिखाया है.
2020 में भी मिला रामनाथ गोयनका पुरस्कार
इमेज स्रोत, INDIANEXPRESS
इमेज कैप्शन, सर्वप्रिया सांगवान को 2020 का रामनाथ गोयनका पुरस्कार दिया गया था
साल 2020 में भी सर्वप्रिया सांगवान को प्रतिष्ठित रामनाथ गोयनका पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है.
उन्हें यह पुरस्कार भारत के परमाणु कार्यक्रम की वजह से मुश्किलें झेल रहे लोगों पर आधारित उनकी स्टोरी के लिए दिया गया था.
सर्वप्रिया सांगवान की यह स्टोरी झारखंड के जादूगोड़ा में यूरेनियम से प्रभावित लोगों की कहानी कहती है और सवाल उठाती है कि क्या यह इलाक़ा भारत के न्यूक्लियर सपनों की क़ीमत चुका रहा है?
सर्वप्रिया सांगवान को पर्यावरण और विज्ञान कैटेगरी में ब्रॉडकास्ट पत्रकारिता के लिए यह पुरस्कार दिया गया था.
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.