डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। थाईलैंड और कंबोडिया के बीच जारी सैन्य संघर्ष के बीच एक हिंदू देव प्रतिमा तोड़े जाने पर भारत ने आपत्ति जताई है। साथ ही कहा है कि इस तरह के कृत्य दुनिया भर के अनुयायियों की भावनाओं को ठेस पहुंचाते हैं।
थाईलैंड और कंबोडिया दोनों से सीमा विवाद को बातचीत और कूटनीति के माध्यम से हल करने का आग्रह किया है।विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘हमें हाल ही में निर्मित एक हिंदू देव प्रतिमा को तोड़े जाने की खबरें मिली हैं, जो थाईलैंड-कंबोडिया सीमा विवाद से प्रभावित क्षेत्र में स्थित थी। ऐसा नहीं होना चाहिए।’
भारत ने थाईलैंड-कंबोडिया सीमा पर मूर्ति तोड़े जाने पर आपत्ति जताई
वहीं, आइएएनएस के अनुसार, थाईलैंड और कंबोडिया के सैन्य प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को चंथाबुरी प्रांत में सीमा के थाई हिस्से में बैठक की, ताकि विवादित सीमा पर युद्धविराम और निगरानी तंत्र के संबंध में औपचारिक वार्ता की तैयारी की जा सके। जनरल बार्डर कमेटी की सचिवालय स्तरीय बैठक बान फाक कट स्थायी चौकी पर शुरू हुई।
बैठक के बाद थाई पक्ष के जीबीसी सचिव नट्टापोंग प्राओकेव ने कहा कि प्रारंभिक वार्ता गुरुवार सुबह नौ बजे होने वाली पूर्ण प्रतिनिधिमंडल की बैठक के लिए एजेंडा तय करने पर केंद्रित थी।
थाईलैंड की सेना ने हिंदू देवता की मूर्ति को नष्ट कर दिया। यह मूर्ति कथित तौर पर कंबोडिया द्वारा रखी गई थी।
दोनों ही बौद्ध देश हैं, जिनका हिंदुओं को सताने का लंबा इतिहास है—हिंदू मंदिरों पर हमला करके उन्हें बौद्ध विहार में बदलना।
लेकिन प्रचार तो चलता रहता है कि “बौद्ध धर्म शांति… pic.twitter.com/qK4nJHY02s
— Manoj Singh (@PracticalSpy) December 23, 2025