आय से अधिक संपत्ति की शिकायत पर कार्रवाई
सूत्रों के अनुसार, परमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति की शिकायत दर्ज होने के बाद यह कार्रवाई की गई। EOW की दो टीमों ने एक साथ छापेमारी की, एक टीम ने बिजलपुर स्थित घर, जबकि दूसरी टीम ने श्रीजी वैली, बिचौली मर्दाना में जांच की। छापे के दौरान स्थानीय पुलिस की मदद ली गई। हालांकि, परमार का कार्यालय बंद मिला।
EOW डीएसपी मधुर रीना गौड़ ने बताया कि अब तक कुछ संपत्ति के दस्तावेज मिले हैं, लेकिन उनकी सटीक कीमत का आंकलन जांच पूरी होने के बाद ही किया जा सकेगा। प्राथमिक अनुमान के मुताबिक, संपत्तियों की कुल कीमत करोड़ों रुपए हो सकती है।
बेलदार से सहायक राजस्व अधिकारी तक का सफर
राजेश परमार की नगर निगम में शुरुआत बेलदार पद से हुई थी। बाद में प्रमोशन पाकर वह सहायक राजस्व अधिकारी बना। हाल ही में, अनियमितताओं के आरोप में उसे निलंबित कर दिया गया था। नौकरी के दौरान परमार ने स्वयं और परिवार के नाम पर कई संपत्तियां खरीदीं।
बरामद संपत्तियों की सूची
- बिजलपुर में दो मंजिला मकान (2600 वर्गफीट निर्मित क्षेत्र)।
- संचार नगर में फ्लैट।
- संपत ग्रीन में 1600 वर्गफीट का प्लॉट।
- श्रीजी वैली में फ्लैट।
- पिपलियाहाना स्थित उदयनगर कॉलोनी में प्लॉट।
- खुशबू विला में फ्लैट।
- सैटेलाइट वैली में फ्लैट।
अन्य संपत्तियों की मिल सकती जानकारी
EOW की टीम दस्तावेजों की गहन जांच कर रही है। आगे की कार्रवाई में बैंक खाते, निवेश और अन्य संपत्तियों की भी जांच की जाएगी। आशंका जताई जा रही है कि परमार ने अपनी वास्तविक आय से कहीं अधिक संपत्ति अर्जित की है।