पीटीआई, नई दिल्ली। उत्तराखंड के ऋषिकेश में वर्ष 2022 में मृत पाई गई 19 वर्षीय रिसार्ट रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी के माता-पिता ने शुक्रवार को दिल्ली स्थित सीबीआइ मुख्यालय में वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की। अधिकारियों ने उन्हें मामले की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया।
सीबीआई के अनुसार, अंकिता के पिता वीरेंद्र सिंह भंडारी और मां सोनी देवी ने मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अधिकारियों के साथ जानकारी साझा की।
विशेष निदेशक मनोज शशिधर और संपत मीणा ने उन्हें आश्वासन दिया कि सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जाएगी।
सीबीआई ने मामले में कथित ‘वीआइपी’ की भूमिका की जांच के लिए अज्ञात लोगों के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की है।
परिवार के करीबी सूत्रों के अनुसार, अंकिता के माता-पिता ने पूर्व भाजपा विधायक सुरेश राठौर और उर्मिला सनावर का नार्को टेस्ट कराने की मांग भी की है।
हालांकि, नार्को टेस्ट के परिणामों का कोर्ट में प्रत्यक्ष साक्ष्य के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।
अंकिता की हत्या के मामले में रिसार्ट मालिक पुलकित आर्य और उसके दो कर्मचारियों को पहले ही आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है।