डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। तमिलगा वेट्री कझगम (TVK) के चीफ विजय ने बुधवार को तमिलनाडु के साथ गवर्नर राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर से मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश किया। उनकी दो साल पुरानी पार्टी हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। अपने पहले ही चुनाव में, TVK ने 234 विधानसभा सीटों में से 108 सीटों पर जीत हासिल की है।
तमिलनाडु की दो प्रमुख पार्टियां, DMK और AIADMK ने क्रमश: 59 और 47 सीटें जीतीं। AIADMK की हार के ठीक पांच साल बाद DMK सत्ता से बाहर हो गई।
इससे पहले, राज्यपाल अर्लेकर ने पुष्टि की थी वह विजय से मुलाकात करेंगे। विजय ने दावा किया था कि उनके पास सरकार बनाने के लिए जरूरी संख्या बल है। गवर्नर ने एएनआई को बताया कि मुझे टीवीके से एक पत्र मिला है। वे शाम को मुझसे मुलाकात करेंगे।
उन्होंने कहा है कि उनके पास बहुमत है और उन्हें सरकार बनाने के लिए बुलाया जाना चाहिए। हां, मैंने विजय को मुलाकात का समय दिया है। अब नई सरकार बनेगी।
कांग्रेस ने TVK को दिया समर्थन
बहुमत के आंकड़े 118 से पीछे रह जाने के बाद, TVK ने सरकार बनाने के लिए कांग्रेस का समर्थन मांगा था। इससे पहले दिन में, तमिलमाडु कांग्रेस के अध्यक्ष के सेल्वपेरुंथगाई और प्रदेश प्रभारी गिरीश चोडनकर ने चेन्नई में TVK मुख्यालय में विजय से मुलाकात कर समर्थन की पुष्टि की।
कांग्रेस के समर्थन के बावजूद बहुमत से दूर विजय, कैसे अंतर को करेंगे पूरा?
कांग्रेस के समर्थन के बावजूद विजय की टीवीके बहुतमत के आंकड़े 118 से पांच सीट पीछे हैं। इस अंतर को पाटने के लिए TVK ने AIADMK से भी संपर्क किया है। कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव DMK के साथ गठबंधन में लड़ा था, जबकि, AIADMK, NDA का सबसे बड़ा घटक दल था, जिसमें भाजपा भी शामिल थी।
DMK ने कांग्रेस के कदम को बताया विश्वासघाच
कांग्रेस के टीवीके को समर्थन देने की घोषणा के बाद DMK ने कांग्रेस की आलोचना की। उन्होंने इस कदम को दूरदर्शिता की कमी बताया और कांग्रेस पर इंडी गठबंधन के सहयोगियों के साथ विश्वासघात करने का आरोप लगाया।