जागरण संवाददाता, जयपुर। राजस्थान सरकार के वन व पर्यावरण मंत्री संजय शर्मा ने बुधवार को अपनी ही सरकार के अधिकारियों के खिलाफ समर्थकों के साथ धरना दिया।
अलवर नगर निगम में मंत्री ने पांच घंटे तक अधिकारियों के खिलाफ धरना देते हुए जिला कलेक्टर अर्तिका शुक्ला और निगम आयुक्त सोहन सिंह नरूका के खिलाफ नारेबाजी की।
उन्होंने कलेक्टर पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए आम जनता की सुनवाई नहीं करने का आरोप लगाया। सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति के मुद्दे पर धरना देते हुए मंत्री ने कलेक्टर को लूटकर खाने वाला बताया। उन्होंने कहा कि कलेक्टर और निगम आयुक्त के टालमटोल रवैये के कारण चयनित 329 अभ्यर्थी परेशान हो रहे हैं।
बता दें कि निगम में सफाई कर्मचारियों का करीब छह महीने पहले चयन हो गया था, लेकिन कलेक्टर और निगम आयुक्त सफाई कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र देने के काम में देरी कर रहे थे।
मंत्री ने इस संबंध में कलेक्टर एवं निगम आयुक्त से पूर्व में कई बार बातचीत की, लेकिन वे इस काम को टाल रहे थे। इससे नाराज होकर उन्होंने सफाई कर्मचारियों के साथ धरना दिया। मंत्री के साथ कांग्रेस के दो नेता भी धरने पर बैठ गए।
कांग्रेस ने सरकार को घेरा
मंत्री के धरना देने पर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव सचिन पायलट, कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता टीकाराम जूली ने राज्य सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ऐसे हालात हो गए हैं कि मंत्री को ही जनता के काम करवाने के लिए धरना देना पड़ रहा है।