आईएएनएस, नई दिल्ली। सरकार का कहना है कि देश में घरेलू एलपीजी की आपूर्ति सामान्य बनी हुई है। गुरुवार को 49.8 लाख एलपीजी सिलिंडर वितरित किए गए, जबकि 41.6 लाख सि¨लडरों के लिए नई बुकिंग की गई।
पश्चिम एशिया संकट के चलते भले ही सप्लाई चेन में बाधा आई है मगर किसी वितरण केंद्र पर गैस की कमी नहीं है। आनलाइन घरेलू एलपीजी सिलिंडर बुकिंग 98 प्रतिशत तक बढ़ गई है।
वितरक स्तर पर किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए उपभोक्ता के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आथेंटिकेशन कोड बेस्ड डिलीवरी (डीएसी) लगभग 93 प्रतिशत तक पहुंच गई है।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने बताया कि एलपीजी की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए देशभर में छापेमारी जारी है। गुरुवार को देशभर में 2,300 से अधिक छापे मारे गए।
सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने 342 एलपीजी वितरण केंद्रों पर जुर्माना लगाया है और 73 के लाइसेंस सस्पेंड किए गए। मंत्रालय ने बताया कि अब तक 43,200 से अधिक पीएनजी कनेक्शन धारकों ने अपने एलपीजी सिलिंडर सरेंडर किए हैं।
मंत्रालय पेट्रोलियम उत्पादों की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठा रहा है। साथ ही लोगों से अपील की है कि वह पैनिक में आकर ईंधन की खरीद न करें। पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल व डीजल पर्याप्त स्टाक हैं।
एअर इंडिया एक्सप्रेस ने खाड़ी में परिचालन फिर शुरू किया
एएनआई के अनुसार, एअर इंडिया एक्सप्रेस ने कतर और बहरीन के लिए फ्लाइटें फिर से शुरू करने की घोषणा की है। साथ ही 30 अप्रैल से यूएई, ओमान और सऊदी अरब के लिए अतिरिक्त उड़ानों की शुरुआत की गई है।
उड़ानें प्रमुख भारतीय महानगरों और क्षेत्रीय हवाई अड्डों से शुरू की गई हैं जिनमें दिल्ली, अमृतसर, बेंगलुरु, हैदराबाद, जयपुर, कोच्चि, कोझीकोड, कन्नूर, लखनऊ, मंगलुरु, मुंबई, तिरुचिरापल्ली, तिरुअनंतपुरम और वाराणसी शामिल हैं।
एअर इंडिया एक्सप्रेस अल ऐन, अबू धाबी, दुबई, रस अल खैमाह, शारजाह, जेद्दाह, रियाद और मस्कट के लिए उड़ानें जारी रखेगा।
टाटा समूह के स्वामित्व वाली एअर इंडिया दक्षिण, दक्षिण-पूर्व और पश्चिम एशिया में 45 घरेलू और 17 अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों को जोड़ने वाली 500 से अधिक उड़ानों का रोजाना संचालन करती है।
पश्चिम एशिया में फंसे नाविकों को जल्द वापस लाने की मांग
फॉरवर्ड सीमेन यूनियन आफ इंडिया (एफएसयूआइ) ने शुक्रवार को केंद्र सरकार से अनुरोध किया कि वह पश्चिम एशिया क्षेत्र में फंसे भारतीय नाविकों को वापस लाने के प्रयासों को तेज करे।
यह क्षेत्र इस समय अमेरिका-इजरायल सेनाओं और ईरान के बीच चल रही जंग का एक बड़ा केंद्र है। इसी बीच, हफ्तों की कठिनाइयों को झेलने के बाद लौटने वालों का एक नया जत्था मुंबई पहुंच गया है।