• Fri. Jun 5th, 2026

24×7 Live News

Apdin News

कोच्चि की इस जगह को छोड़कर यहां के यहूदी आख़िर कहां चले गए?

Byadmin

Jun 5, 2026


 केरल के कोच्चि शहर में मट्टानचेट्टी नाम की एक जगह है जहां कभी यहूदी रहते थे
इमेज कैप्शन, केरल के कोच्चि शहर में मट्टानचेट्टी नाम की एक जगह है जहां कभी यहूदी रहते थे

केरल के तटीय शहर कोच्चि (कोचीन) में मट्टानचेरी नाम की एक बस्ती आबाद है जो ‘ज्यू टाउन’ यानी यहूदियों की बस्ती कहलाती है.

यह वह इलाक़ा है जहां पूरे 500 साल पहले मशहूर पुर्तगाली नाविक और खोजी वास्को डा गामा आए और कोच्चि वह जगह है जो भारत में पहली यूरोपीय कॉलोनी बनी. उन्होंने यहीं अंतिम सांस ली और यहीं दफ़न हुए.

ऐतिहासिक रूप से वास्को डा गामा के आने के बाद पुर्तगालियों ने यहूदियों को निशाना बनाया तो कोचीन के राजा ने उन्हें अपने महल से सटी हुई ज़मीन दान की और एक ताम्र पत्र दिया जिस पर लिखा था, “जब तक सूरज और चांद आसमान पर चमकते रहेंगे, तब तक यह ज़मीन यहूदियों की रहेगी.”

यहूदियों की यही बस्ती बाद में ‘ज्यू टाउन’ कहलाई.

आज इस जगह पर उनकी यादें तो हैं लेकिन एक यहूदी कीथ हेलोगुआ के अलावा सभी यहूदी इस जगह को छोड़कर चले गए हैं.

By admin