• Mon. Jul 6th, 2026

24×7 Live News

Apdin News

खामेनेई की अंतिम विदाई में उमड़ा जनसैलाब: ट्रंप के ‘नकली आंसू’ पर ईरान ने कहा- इनकी कोई सभ्यता नहीं

Byadmin

Jul 6, 2026


जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दूसरे दिन रविवार को राजधानी तेहरान में हजारों लोगों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। हालांकि, सबसे अधिक चर्चा उनके उत्तराधिकारी और बेटे मोजतबा खामेनेई की गैरमौजूदगी को लेकर रही।

सरकारी टेलीविजन ने खामेनेई के तीन अन्य बेटों- मुस्तफा, मेयसाम और मसूद को अपने पिता तथा परिवार के अन्य सदस्यों के ताबूतों के पास प्रार्थना करते हुए दिखाया, लेकिन मोजतबा कहीं नजर नहीं आए। रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के प्रमुख जनरल अहमद वाहिदी भी नमाज में शामिल हुए। उन्होंने काले कपड़ों के साथ काली बेसबाल टोपी पहन रखी थी।

एएनआई के अनुसार, इमाम खुमैनी ग्रैंड मोसल्ला परिसर में आयोजित जनाजे में राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान, संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाकर गलीबाफ, वरिष्ठ सैन्य अधिकारी और बड़ी संख्या में आम नागरिक शामिल हुए।

शोकसभा में अमेरिका और इजरायल के खिलाफ नारे भी लगे। ईरानी प्रशासन का दावा है कि अंतिम यात्रा में देशभर से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और राजधानी के मेट्रो नेटवर्क पर हजारों यात्राएं दर्ज की गईं। लोगों की सुविधा के लिए बेहतर परिवहन, भोजन और ठहरने की व्यवस्था भी की गई।

मोजतबा खामेनेई 28 फरवरी को हुए अमेरिकी-इजरायली हवाई हमले के बाद से सार्वजनिक रूप से दिखाई नहीं दिए हैं। रायटर्स के अनुसार, हमले में घायल होने के बाद से उनकी कोई तस्वीर या वीडियो भी जारी नहीं किया गया है। ईरानी अधिकारियों ने उनकी अनुपस्थिति पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, जबकि विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में सुरक्षा कारणों को इसकी वजह बताया गया है।

खबरें और भी

ईरान ने खामेनेई को श्रद्धांजलि देने के लिए सप्ताहभर के कार्यक्रम तय किए हैं। सोमवार को तेहरान में विशाल जुलूस निकाला जाएगा। इसके बाद पार्थिव शरीर को धार्मिक नगरी कोम ले जाया जाएगा, फिर इराक के शिया पवित्र शहरों नजफ और कर्बला में श्रद्धांजलि समारोह होंगे। अंतिम संस्कार गुरुवार को मशहद में जुलूस के बाद किया जाएगा।

अल जजीरा के अनुसार, मोजतबा खामेनेई तेहरान में आयोजित छह दिवसीय शोक कार्यक्रमों में शामिल नहीं होंगे। रिपोर्ट में उनकी गैरमौजूदगी की वजह इजरायल से लगातार मिल रही सुरक्षा धमकियों को बताया गया है। सुरक्षा के मद्देनजर तेहरान में कई इलाकों में कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं तथा हवाई क्षेत्र पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है।

अंतिम संस्कार की नमाज के दौरान मोजतबा के भाई मसूद खामेनेई भावुक होकर रो पड़े और ‘केफिया’ से अपने आंसू पोंछते नजर आए। चौखाने वाला यह स्कार्फ ईरान में क्रांतिकारी विचारधारा और फलस्तीनियों के साथ एकजुटता का प्रतीक माना जाता है।

खामेनेई के अंतिम दर्शनों के लिए उमड़ी भीड़ देखकर ट्रंप हैरान

अमेरिकी इंटरनेट मीडिया एक्सियोस से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि उन्हें बताया गया था कि ईरान की जनता खामेनेई से नफरत करती है, लेकिन उनके सम्मान में उमड़ी भीड़ देखकर वह हैरान रह गए। उन्होंने यह भी कहा कि संभव है कि लोग “नकली आंसू” बहा रहे हों।

ट्रंप के बयान पर आर्मेनिया स्थित ईरानी दूतावास ने एक्स पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “आप इन बातों को कभी नहीं समझ पाएंगे, क्योंकि अमेरिका के पास न सभ्यता है, न इतिहास और न सम्मान। लोग मारे जा सकते हैं, लेकिन आदर्श जीवित रहते हैं। आपने अयातुल्ला खामेनेई को मार दिया, लेकिन उनकी विचारधारा को नहीं।”

तेहरान में ट्रंप के खिलाफ दिखा गुस्सा

उधर, तेहरान में भी ट्रंप के खिलाफ गुस्सा दिखाई दिया। प्रार्थना सभा का संचालन कर रहे कवि मोहम्मद रसूली ने ग्रैंड मोसल्ला में मौजूद भीड़ से पूछा कि “दुनिया का सबसे बुरा आदमी अब तक जिंदा क्यों है?” उन्होंने कहा कि “यह दुनिया ट्रंप के लिए अच्छी जगह नहीं है।” उनके इस बयान को ट्रंप के खिलाफ परोक्ष धमकी के रूप में देखा जा रहा है। सभा में मौजूद कुछ लोगों ने भी ट्रंप के खिलाफ नारे लगाए।

इसे भी पढ़ें: खामेनेई के अंतिम संस्कार पर अमेरिकी दबाव: 13 देशों ने खींच लिए अपने हाथ, ट्रंप के मन में क्या?

 

By admin